Friday, 2 October 2026
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इंदौर: 'लोकमत भारत' के ब्यूरो चीफ देवेंद्र जायसवाल बोले- वर्तमान चुनौतियों में आज भी प्रासंगिक हैं गांधी के विचार

संक्षेप में

इंदौर के व्योम क्लासेस कोचिंग संस्थान में 'गांधीवाद: वर्तमान वैश्विक चुनौतियों में सत्य और अहिंसा की प्रासंगिकता' विषय पर बौद्धिक सत्र आयोजित हुआ। 'लोकमत भारत' के मध्य प्रदेश ब्यूरो चीफ देवेंद्र जायसवाल ने मुख्य वक्ता के रूप में विद्यार्थियों को संबोधित किया।

मुख्य बातें

  • इंदौर के व्योम क्लासेस में बौद्धिक सत्र का आयोजन किया गया।
  • लोकमत भारत के एमपी ब्यूरो चीफ देवेंद्र जायसवाल मुख्य वक्ता रहे।
  • सत्र का विषय गांधीवाद और वर्तमान वैश्विक चुनौतियों में सत्य-अहिंसा की प्रासंगिकता था।
  • संस्थान के निदेशक व्योमकेश घोषी ने अतिथि को
मध्य प्रदेश
इंदौर: 'लोकमत भारत' के ब्यूरो चीफ देवेंद्र जायसवाल बोले- वर्तमान चुनौतियों में आज भी प्रासंगिक हैं गांधी के विचार

इंदौर के व्योम क्लासेस कोचिंग संस्थान में हाल ही में "गांधीवाद: वर्तमान वैश्विक चुनौतियों में सत्य और अहिंसा की प्रासंगिकता" विषय पर एक विशेष बौद्धिक सत्र आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में 'लोकमत भारत' न्यूज चैनल के मध्य प्रदेश ब्यूरो चीफ और वरिष्ठ पत्रकार देवेंद्र जायसवाल मुख्य वक्ता के रूप में शामिल हुए। उन्होंने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि महात्मा गांधी के सिद्धांत आज के दौर में भी उतने ही उपयोगी हैं जितने स्वतंत्रता संग्राम के समय थे।

जीवन जीने की पद्धति हैं गांधी के विचार

संस्थान में आयोजित इस विचार गोष्ठी में मुख्य वक्ता देवेंद्र जायसवाल ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि गांधी जी के विचार केवल एक राजनीतिक विचारधारा तक सीमित नहीं हैं, बल्कि यह जीवन जीने की एक पूरी पद्धति हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि मौजूदा वैश्विक अशांति और हिंसा के माहौल में यदि युवा पीढ़ी सत्य और अहिंसा के मार्ग पर चले, तो समाज और राष्ट्र स्तर पर बड़े बदलाव लाए जा सकते हैं।

इस बौद्धिक सत्र के दौरान संस्थान के सभी विद्यार्थी और शिक्षकगण मौजूद रहे। सत्र में छात्रों ने विषय की गहराई को समझा और वक्ता के विचारों की सराहना की।

आत्मकथा भेंट कर किया गया स्वागत

कार्यक्रम के अंत में व्योम क्लासेस के निदेशक व्योमकेश घोषी ने मुख्य अतिथि देवेंद्र जायसवाल का आभार जताया। परंपरा का निर्वहन करते हुए निदेशक ने श्री जायसवाल को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की आत्मकथा 'सत्य के प्रयोग' भेंट कर उनका स्वागत किया।

इसके जवाब में वरिष्ठ पत्रकार देवेंद्र जायसवाल ने भी संस्थान के निदेशक व्योमकेश घोषी को गांधी जी के जीवन दर्शन पर केंद्रित पुस्तक 'आचरण' भेंट की। आयोजकों के मुताबिक, इस तरह के बौद्धिक सत्र विद्यार्थियों के शैक्षणिक और नैतिक विकास की दिशा में अहम भूमिका निभाते हैं।

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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

इंदौर के किस संस्थान में गांधीवाद पर बौद्धिक सत्र आयोजित हुआ?

यह बौद्धिक सत्र इंदौर के स्थानीय कोचिंग संस्थान व्योम क्लासेस में आयोजित किया गया था।

सत्र में मुख्य वक्ता के रूप में किसने शिरकत की?

'लोकमत भारत' न्यूज चैनल के मध्य प्रदेश ब्यूरो चीफ और वरिष्ठ पत्रकार देवेंद्र जायसवाल इस सत्र के मुख्य वक्ता थे।

बौद्धिक सत्र का मुख्य विषय क्या था?

सत्र का विषय 'गांधीवाद: वर्तमान वैश्विक चुनौतियों में सत्य और अहिंसा की प्रासंगिकता' था।

संस्थान के निदेशक ने मुख्य अतिथि को कौन सी पुस्तक भेंट की?

संस्थान के निदेशक व्योमकेश घोषी ने मुख्य अतिथि देवेंद्र जायसवाल को महात्मा गांधी की आत्मकथा 'सत्य के प्रयोग' भेंट की।