राजस्थान के कोटा जिले में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर शनिवार तड़के एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। भोपाल और बैतूल से खाटूश्यामजी के दर्शन करने जा रहे श्रद्धालुओं से भरी एक टेम्पो ट्रैवलर अनियंत्रित होकर पुलिया से 15 फीट गहरे नाले में जा गिरी। इस भीषण दुर्घटना में मौके पर ही 7 श्रद्धालुओं की मौत हो गई, जबकि 17 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।
हादसा दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर कराड़िया टोल प्लाजा के पास हुआ। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, वाहन की रफ्तार तेज होने के कारण चालक ने नियंत्रण खो दिया, जिससे गाड़ी पुलिया की रेलिंग तोड़ते हुए नीचे नाले में जा गिरी। तड़के हुए इस हादसे के बाद चीख-पुकार मच गई और आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी।
अस्पतालों में चल रहा इलाज, एसपी और कलेक्टर ने लिया जायजा
दुर्घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया। ग्रामीण पुलिस अधीक्षक सुजीत शंकर ने तत्काल घटनास्थल पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया और मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों से हादसे के कारणों की जानकारी ली।
इसके बाद जिला कलेक्टर पीयूष समारिया और आईजी हरेंद्र महावर ने एमबीएस अस्पताल और न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचकर घायलों से मुलाकात की। अधिकारियों ने डॉक्टरों को निर्देश दिए हैं कि सभी घायलों को बेहतर से बेहतर चिकित्सीय सहायता उपलब्ध कराई जाए। कोटा मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य नीलेश जैन के मुताबिक, गंभीर रूप से घायल मरीजों का इलाज जारी है और डॉक्टरों की विशेष टीम उनकी देखरेख कर रही है।
श्रद्धालुओं से भरी थी मिनी बस
हादसे का शिकार हुई टेम्पो ट्रैवलर में कुल 24 लोग सवार थे, जो मध्य प्रदेश के भोपाल और बैतूल से खाटूश्यामजी के दर्शन के लिए निकले थे। सफर के दौरान शनिवार तड़के कोटा ग्रामीण इलाके में यह दुर्घटना घटित हुई। पुलिस ने मृतकों के शवों को मोर्चरी में रखवाया है और उनके परिजनों से संपर्क किया जा रहा है।
