राजीव गांधी शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को जरूरी सुविधाएं न मिलने का मामला सामने आया है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के कार्यकर्ताओं ने कॉलेज परिसर में पेयजल, स्वच्छता, सुरक्षा और पढ़ाई से जुड़ी 17 प्रमुख मांगों को लेकर प्राचार्य को ज्ञापन सौंपा है।
परिषद के पदाधिकारियों का कहना है कि कॉलेज में छात्रों को बुनियादी सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं, जिससे उनकी पढ़ाई और रोजमर्रा की गतिविधियों पर असर पड़ रहा है। ज्ञापन के जरिए प्रशासन से इन समस्याओं का जल्द समाधान करने की मांग की गई है।
पेयजल और स्वच्छता को लेकर जोर
ज्ञापन में सबसे पहले परिसर में शुद्ध और पर्याप्त पानी की व्यवस्था करने की बात कही गई है। कॉलेज में वर्तमान में खराब पड़े वाटर कूलर और RO मशीनों को तत्काल दुरुस्त कराने को कहा गया है। इसके अलावा, छात्र-छात्राओं के लिए अलग और स्वच्छ शौचालयों की मांग उठाई गई।
छात्राओं के लिए सुरक्षित शौचालय के साथ ही सेनेटरी नैपकिन की उपलब्धता और उनके सही निपटान के लिए डिस्पोजल मशीन लगाने की बात भी ज्ञापन में शामिल है। परिषद ने परिसर की नियमित साफ-सफाई, कचरा प्रबंधन, डस्टबिन की स्थापना और कैंपस को प्लास्टिक-मुक्त बनाने के साथ पौधरोपण कर हरा-भरा माहौल विकसित करने पर भी जोर दिया है।
कक्षाओं से लेकर लाइब्रेरी तक में सुधार की मांग
कक्षाओं के भीतर छात्र-छात्राओं के बैठने के लिए पर्याप्त बेंच और डेस्क की व्यवस्था करने को कहा गया है। इसके अलावा पंखे, रोशनी और बिजली से जुड़े खराब उपकरणों को बदलने की मांग रखी गई है ताकि गर्मी या अंधेरे में पढ़ाई बाधित न हो।
पुस्तकालय को लेकर मांग की गई है कि वहां छात्रों की संख्या के हिसाब से किताबें, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए मैगजीन और न्यूजपेपर उपलब्ध कराए जाएं। साथ ही, पढ़ने के लिए पर्याप्त बैठने की जगह और एक डिजिटल ई-लाइब्रेरी शुरू करने का सुझाव भी दिया गया है। प्रैक्टिकल विषयों के लिए प्रयोगशालाओं में जरूरी उपकरणों और केमिकल की कमी को दूर करने को कहा गया है।
सुरक्षा, पार्किंग और वाई-फाई की दरकार
कॉलेज के मुख्य प्रवेश और निकास द्वारों पर सुरक्षा गार्ड तैनात करने के साथ ही जरूरी जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने की मांग की गई है, ताकि परिसर में असामाजिक तत्वों की आवाजाही रोकी जा सके। इसके अलावा विद्यार्थियों के लिए सुरक्षित साइकिल और दोपहिया वाहन पार्किंग तथा कैंपस में तेज रफ्तार इंटरनेट और वाई-फाई सुविधा मुहैया कराने को कहा गया है।
दिव्यांग छात्रों की सुविधा के लिए रैंप और सुगम रास्तों के निर्माण पर भी जोर दिया गया है। कॉलेज में एक फर्स्ट-एड रूम बनाने के साथ ही एडमिशन, स्कॉलरशिप, परीक्षा और डॉक्यूमेंट से जुड़ी समस्याओं के निपटारे के लिए एक प्रभावी स्टूडेंट हेल्प डेस्क बनाने की मांग रखी गई है। छात्राओं के लिए अलग से एक सुविधायुक्त कॉमन रूम की मांग भी ज्ञापन में प्रमुखता से उठाई गई है।
कैंटीन और करियर गाइडेंस की मांग
विद्यार्थियों के खाने-पीने के लिए कॉलेज परिसर में कैंटीन शुरू करने और वहां रियायती दरों पर साफ-सुथरा भोजन उपलब्ध कराने की मांग की गई है। इसके साथ ही युवाओं को रोजगार और कौशल से जुड़ी जानकारी देने के लिए विवेकानंद करियर गाइडेंस सेल को फिर से एक्टिव करने को कहा गया है।
ABVP के कार्यकर्ताओं ने कहा कि छात्र-छात्राओं को सिर्फ किताबी ज्ञान ही नहीं, बल्कि एक बेहतर और सुरक्षित शैक्षणिक माहौल मिलना भी उनका अधिकार है। कॉलेज प्रशासन को सभी 17 बिंदुओं पर विचार कर जल्द से जल्द कदम उठाने की चेतावनी दी गई है।
