दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर कोटा के सिमलिया क्षेत्र में शनिवार सुबह एक भीषण सड़क हादसा हुआ। जयपुर जा रही यात्रियों से भरी ट्रैवलर बस कराडिया टोल के पास अनियंत्रित होकर रेलिंग तोड़ते हुए गहरे गड्ढे में जा गिरी। इस दुर्घटना में कई लोगों की जान चली गई, जबकि कई अन्य यात्री गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
हादसे की सूचना मिलते ही लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला तुरंत कोटा के न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचे। उन्होंने ट्रॉमा सेंटर में भर्ती घायलों से मुलाकात कर उनका हाल जाना और डॉक्टरों से उनके इलाज के सिलसिले में पूरी जानकारी ली।
चिकित्सकों को दिए बेहतर इलाज के निर्देश
अस्पताल में निरीक्षण के दौरान बिरला ने प्रशासनिक अधिकारियों और चिकित्सा दल को स्पष्ट निर्देश दिए कि घायलों के उपचार में किसी तरह की कोताही नहीं बरती जानी चाहिए। उन्होंने सभी प्रभावितों को उच्च स्तर की चिकित्सीय सहायता उपलब्ध कराने को कहा। इस दौरान उन्होंने हादसे में जान गंवाने वाले यात्रियों के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की।
ब्लैक स्पॉट सुधारने के निर्देश
घटना के बाद मीडिया से बातचीत में लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि यह एक अत्यंत पीड़ादायक हादसा है और इसके कारणों की प्रशासनिक स्तर पर जांच कराई जा रही है। उन्होंने सड़क सुरक्षा को लेकर अधिकारियों के साथ चर्चा की।
बिरला ने बताया कि दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे और क्षेत्र की अन्य प्रमुख सड़कों पर रोड सेफ्टी टीमें लगातार सर्वे कर रही हैं। एनएचएआई, सार्वजनिक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) और स्थानीय सड़क तंत्र से जुड़े सभी दुर्घटना संभावित क्षेत्रों (ब्लैक स्पॉट) की जल्द पहचान कर उनमें जरूरी सुधार किए जाएंगे, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को टाला जा सके।
