शाजापुर जिला मुख्यालय पर रविवार को एनएसयूआई और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने लालघाटी थाने का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने थाना प्रभारी हेमंत पटेल पर कार्यकर्ताओं के साथ अभद्रता करने का आरोप लगाते हुए उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित करने की मांग उठाई है। इस संबंध में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महेंद्र तरनेकर को एक ज्ञापन सौंपा गया है।
कॉलेज विवाद और थाना प्रभारी पर आरोप
दो दिन पहले स्थानीय महाविद्यालय में लाइब्रेरी से जुड़ी मांगों को लेकर एनएसयूआई कार्यकर्ता आंदोलन कर रहे थे। इसी दौरान एबीवीपी और एनएसयूआई कार्यकर्ताओं के बीच तीखी बहस हो गई। सूचना मिलने पर लालघाटी थाना प्रभारी हेमंत पटेल मौके पर पहुंचे थे।
एनएसयूआई का आरोप है कि इस दौरान थाना प्रभारी ने कार्यकर्ताओं के साथ अनुचित व्यवहार किया। एनएसयूआई जिला अध्यक्ष जय कराड़ा के साथ भी अभद्रता किए जाने का गंभीर आरोप लगाया गया है। इसी घटना से नाराज होकर कांग्रेस और एनएसयूआई ने थाने के सामने मोर्चा खोल दिया।
कांग्रेस विधायकों की मौजूदगी
थाना घेराव प्रदर्शन में तराना विधायक महेश परमार और कालापीपल के पूर्व विधायक कुणाल चौधरी समेत कई वरिष्ठ कांग्रेसी नेता मौजूद रहे। थाने के बाहर एकत्र हुए कार्यकर्ताओं ने पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली पर कड़े सवाल उठाए।
सुरक्षा के लिहाज से लालघाटी थाने के आसपास भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। प्रदर्शन के बाद नेताओं ने एएसपी महेंद्र तरनेकर से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा और आरोपी थाना प्रभारी के खिलाफ विभागीय जांच तथा निलंबन की कार्रवाई की मांग की है। मामले में पुलिस अधिकारियों की ओर से आगे की प्रतिक्रिया और जांच के कदमों का इंतजार है।
