व्हाट्सएप (WhatsApp) ने वीडियो और ऑडियो कॉलिंग के अनुभव को बदलते हुए नया 'गेस्ट कॉलिंग' (Guest Calling) फीचर लॉन्च किया है। इस अपडेट के आने के बाद ऑफिस मीटिंग, ऑनलाइन क्लास या ग्रुप कॉलिंग के लिए ज़ूम या गूगल मीट जैसे अन्य प्लेटफॉर्म्स की अनिवार्यता काफी हद तक कम हो जाएगी। इस नए फीचर की मदद से अब बिना व्हाट्सएप अकाउंट वाले लोग भी सीधे एक क्लिक पर ग्रुप कॉल का हिस्सा बन सकेंगे।
बिना अकाउंट के कैसे काम करेगा फीचर?
इस नए अपडेट के तहत व्हाट्सएप यूजर अपने 'Calls' टैब में जाकर "+" आइकन पर टैप करके "Create a call link" विकल्प से एक लिंक तैयार कर सकता है। इस लिंक को सहकर्मियों, दोस्तों या अन्य लोगों के साथ शेयर किया जा सकता है। जिन लोगों के फोन में व्हाट्सएप नहीं है, वे कंप्यूटर या मोबाइल ब्राउज़र के जरिए इस लिंक को खोलकर अपना नाम दर्ज करके सीधे कॉल में जुड़ सकते हैं। इस फीचर के जरिए न्यूनतम 2 से लेकर अधिकतम 32 लोगों तक की ग्रुप कॉल की जा सकती है। इसके लिए कोई समय सीमा तय नहीं की गई है, जिससे बीच में कॉल कटने की परेशानी से राहत मिलेगी।
प्राइवेसी और होस्ट का कंट्रोल
गेस्ट कॉलिंग फीचर में सुरक्षा और प्राइवेसी का पूरा ध्यान रखा गया है। कॉल में जुड़ने वाले किसी भी बाहरी गेस्ट को सीधे एंट्री नहीं मिलेगी, बल्कि उन्हें पहले 'वेटिंग रूम' में रखा जाएगा। जब तक कॉल का होस्ट (लिंक बनाने वाला यूजर) अप्रूवल नहीं देता, तब तक कोई भी व्यक्ति कॉल में शामिल नहीं हो सकता। इसके अलावा, होस्ट के पास किसी भी गेस्ट को कभी भी कॉल से बाहर (Remove) करने का अधिकार रहेगा।
प्राइवेसी से जुड़े अन्य सुरक्षा उपायों के तहत, कॉल में शामिल होने वाले गेस्ट को अन्य लोगों के फोन नंबर दिखाई नहीं देंगे। साथ ही, गेस्ट को सीमित एक्सेस मिलेगा, जिसके तहत वे कॉल के दौरान चैट में मैसेज नहीं भेज सकेंगे और न ही अपनी तरफ से किसी अन्य व्यक्ति को कॉल में जोड़ सकेंगे। कंपनी के मुताबिक, यह पूरी प्रक्रिया एंड-टू-एंड एन्क्रिप्टेड रहेगी।
स्क्रीन शेयरिंग और जल्द आने वाला कैलेंडर इंटीग्रेशन
बिना व्हाट्सएप अकाउंट के जुड़ने वाले गेस्ट्स को भी कॉलिंग के दौरान कई आधुनिक फीचर्स का लाभ मिलेगा। मीटिंग के दौरान वे अपने कंप्यूटर की स्क्रीन शेयर कर सकेंगे, इमोजी के जरिए रिएक्ट कर सकेंगे और बात रखने के लिए 'रेज हैंड' विकल्प का इस्तेमाल कर पाएंगे।
मेटा ने यह भी घोषणा की है कि इस साल के अंत तक इस प्लेटफॉर्म में 'कैलेंडर इंटीग्रेशन' फीचर भी जोड़ दिया जाएगा। इसके बाद यूजर्स गूगल या आउटलुक कैलेंडर से सीधे व्हाट्सएप कॉल शेड्यूल कर सकेंगे। इसके लिए सिर्फ व्हाट्सएप प्लगइन इंस्टॉल करना होगा, जिससे मीटिंग इनवाइट में आसानी से व्हाट्सएप कॉल का लिंक जोड़ा जा सकेगा।
