तिथि-नक्षत्र का समय पूरे देश में एक जैसा रहता है; सूर्योदय, राहुकाल और मुहूर्त शहर के अनुसार बदलते हैं।
| तिथि | शुक्ल तृतीया 23:28 तक फिर शुक्ल चतुर्थी रात 01:14 तक (15 अक्टूबर) |
|---|---|
| नक्षत्र | विशाखा (स्वामी: गुरु) रात 01:43 तक (14 अक्टूबर) फिर अनुराधा (स्वामी: शनि) सुबह 04:03 तक (15 अक्टूबर) |
| योग | प्रीति 20:24 तक फिर आयुष्मान रात 20:39 तक (14 अक्टूबर) |
| करण | तैतिल 10:47 तक फिर गर 23:28 तक फिर वणिज दोपहर 12:17 तक (14 अक्टूबर) |
| वार | मंगलवार |
| चंद्र राशि | तुला 19:12 तक फिर वृश्चिक |
| सूर्य राशि | कन्या |
| ऋतु / अयन | शरद / दक्षिणायन |
| दिशाशूल | उत्तर |
| ग्रह | राशि | अंश | नक्षत्र (चरण) | स्थिति | आगामी राशि-परिवर्तन |
|---|---|---|---|---|---|
| सूर्य | कन्या | 25.5° | चित्रा (1) | — | — |
| चंद्रमा | तुला | 23.4° | विशाखा (2) | — | → वृश्चिक, 13 अक्टूबर रात 19:12 |
| मंगल | कर्क | 14.3° | पुष्य (4) | नीच | — |
| बुध | तुला | 20.5° | विशाखा (1) | — | — |
| गुरु | कर्क | 27.4° | आश्लेषा (4) | उच्च | — |
| शुक्र | तुला | 12.4° | स्वाति (2) | मूलत्रिकोणवक्री | — |
| शनि | मीन | 16.4° | उत्तराभाद्रपद (4) | वक्री | — |
| राहु | कुंभ | 2.8° | धनिष्ठा (3) | वक्री | — |
| केतु | सिंह | 2.8° | मघा (1) | वक्री | — |