राजधानी जयपुर में ईद-उल-अजहा पर्व  पर इस बार धार्मिक आस्था के साथ- साथ  सामाजिक संदेश भी देखने को मिला बता दे  दिल्ली बाईपास स्थित ईदगाह के मौके पर हजारों की संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोगों ने ईद की नमाज अदा की और देश में अमन, शांति, खुशहाली तथा भाईचारे की दुआ की सुबह से ही ईदगाह परिसर और आसपास के इलाकों में नमाज अदा करने के लिए मुस्लिम समाज की भारी भीड़ जुटी... नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाया और  ईद की मुबारकबाद दी। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर  पुलिस और प्रशासन की ओर से विशेष इंतजाम किए गए और  पूरे आयोजन पर प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा..  ईद की नमाज के बाद राजस्थान हज वेलफेयर सोसाइटी की ओर से भी एक शांतिपूर्ण सामाजिक जागरूकता प्रदर्शन किया जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने और गोवंश संरक्षण के लिए राष्ट्रीय स्तर पर सख्त कानून लागू करने की मांग उठाई। प्रदर्शन में शामिल लोगों ने हाथों में पोस्टर और संदेश लिखी तख्तियां लिए  गौ संरक्षण के समर्थन की बात रखी। सोसाइटी पदाधिकारियों का कहना है कि गाय केवल एक पशु नहीं बल्कि भारतीय संस्कृति, परंपरा, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और सामाजिक आस्था का महत्वपूर्ण प्रतीक मानी जाती है। उनका कहना था कि देश में गाय के संरक्षण और गोवंश सुरक्षा को राजनीति से ऊपर उठाकर सामाजिक और राष्ट्रीय जिम्मेदारी के रूप में देखना चाहिए.... वही राजस्थान हज वेलफेयर सोसाइटी के महासचिव हाजी शेख निजामुद्दीन ने मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि गौ संरक्षण केवल किसी एक धर्म या समुदाय का मुद्दा नहीं है, बल्कि यह पूरे देश की सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक संवेदनशीलता से जुड़ा विषय है। उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की और कहा कि गाय को राष्ट्र पशु घोषित किया जाए और गोवंश की सुरक्षा के लिए राष्ट्रीय स्तर पर प्रभावी और सख्त कानून बनाए जाएं। उन्होंने यह भी कहा कि समाज में आपसी भाईचारे और सौहार्द को बनाए रखते हुए गौ संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाना बहुत जरूरी है।कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने ईद-उल-अजहा के संदेश को मानवता, करुणा और त्याग से जोड़ते हुए देखा और कहा  कि इस पर्व का मूल उद्देश्य समाज में प्रेम, सह-अस्तित्व और इंसानियत की भावना को मजबूती से रखना है। लोगों से अपील की गई कि वे धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक जिम्मेदारियों को भी समझें तथा  देश में शांति एवं सद्भाव बनाए रखने में अपनी अहम भूमिका निभाएं। आयोजन में मौजूद लोगों ने कहा कि देश की एकता और सामाजिक समरसता को मजबूत करने के लिए सभी समुदाय मिलकर साथ देंगे पूरे  पर्व के दौरान पुलिस और प्रशासन की ओर से सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए वही  ईदगाह परिसर के आसपास अतिरिक्त पुलिस बल मुस्तैद रहा  ताकि नमाज और प्रदर्शन दोनों शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो किया जा सके  प्रशासनिक अधिकारियों ने भी मौके पर मौजूद रहकर व्यवस्था का  निरीक्षण किया  कार्यक्रम शांतिपूर्ण माहौल के साथ संपन्न हुआ और इसके माध्यम से मुस्लिम समाज ने सामाजिक सौहार्द, गौ संरक्षण और राष्ट्रीय एकता का संदेश देने का प्रयास किया गया।