जयपुर शहर के रामनगरिया थाना क्षेत्र में वीआईपी मूवमेंट के दौरान पुलिस और मोमोज बेचने वाली युवती में बड़ा विवाद देखने को मिला है । आरोप है कि मुख्यमंत्री के काफिले के लिए सड़क खाली करवाते समय पुलिसकर्मियों ने एक महिला का ठेला पलट दिया, जिससे उस पर खौलता पानी गिर गया और महिला गंभीर रूप से झुलस गई। प्रताप नगर निवासी 30 वर्षीय खुशबू गुप्ता ने शिकायत में बताया कि उसकी बहन रेशु गुप्ता जगतपुरा महल रोड पर ठेला लगाती है. 19 जून की शाम पुलिस रास्ता खाली करवा रही थी। परिवार ने पुलिस से ठेला हटाने के लिए कुछ मिनट का समय मांगा, लेकिन उनकी बात नहीं सुनी गई. घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। पीड़ित परिवार ने पुलिसकर्मियों के व्यवहार पर सवाल उठाते हुए कार्रवाई की मांग की है। रामनगरिया थाना पुलिस ने शिकायत दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है. अधिकारियों का कहना है कि जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।पुलिस के अनुसार जगतपुरा के महल रोड से मुख्यमंत्री का काफिला गुजरना था। इससे कुछ मिनट पहले पुलिसकर्मी सड़क किनारे के ठेले हटवा रहे थे। इस दौरान मोमोज बेचने वाली बहनें और पुलिसकर्मी आपस में उलझ गए। घटना के लिए दोनों एक-दूसरे को जिम्मेदार बता रहे हैं। खुशबू ने बताया कि जगतपुरा इलाके में अक्षय पात्र मंदिर के पास रेशु गुप्ता मोमोज की कार्ट लगाती हैं। घटना वाली शाम भी वो कार्ट लगाने की तैयारी कर रही थीं। मोमोज के लिए पानी गर्म हो रहा था। आरोप है कि इसी दौरान पहुंचे कुछ पुलिसकर्मियों ने उस पर जबरन कार्ट हटाने का दबाव बनाया। रेशु ने कहा कि अभी बर्तन में गर्म पानी है, थोड़ा समय दे दो, लेकिन उन्होंने बात नहीं सुनी जबरदस्ती कार्ट पीछे धकेल दी, और पानी रेशु पर गिरा दिया। हादसे में उसका कंधा, सीना, जांघ और शरीर के कई हिस्से बुरी तरह जल गए है। बहनों ने घटना के लिए पुलिसकर्मी को जिम्मेदार बताया है। वहीं, थानाप्रभारी चंद्रभान सिंह का कहना है- गर्म पानी से झुलसने की बात पर जांच की जा रही है। मामले की जांच एसआई गोवर्धन प्रसाद को दी गई। इधर, डीसीपी ईस्ट रंजीता शर्मा का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज देखे जा रहे हैं। जो भी जिम्मेदार होगा कार्रवाई की जाएगी।
