सीमा सुरक्षा बल (BSF) के बाद सशस्त्र सीमा बल (SSB) ने भी कॉन्स्टेबल (जनरल ड्यूटी) पदों पर पूर्व अग्निवीरों के लिए 50% पद आरक्षित करने की अधिसूचना जारी कर दी है। नेपाल और भूटान सीमा की सुरक्षा करने वाले इस बल ने 27 जुलाई 2026 को नई भर्ती नियमों का ऐलान किया।

इस व्यवस्था के तहत, भर्ती वर्ष के आधे पद सीधी भर्ती से भरे जाएंगे। इस कोटे के भीतर पूर्व सैनिकों के लिए 10%, रीमस्टर्ड कर्मियों के लिए 2.5% और खिलाड़ियों के लिए 5% कोटा तय किया गया है। इन श्रेणियों में योग्य उम्मीदवार न मिलने पर पद प्रतिनियुक्ति या पुनः रोजगार से भरे जाएंगे।

दो चरणों में होगी भर्ती प्रक्रिया

संशोधित नियमों के मुताबिक, कुल रिक्तियों का 50% हिस्सा पूर्व अग्निवीरों के लिए पूरी तरह आरक्षित रहेगा। इस कोटे को भरने के लिए दो चरणों में भर्ती प्रक्रिया पूरी की जाएगी। पहले चरण में केंद्र सरकार के निर्देशों के तहत एक नोडल फोर्स विशेष भर्ती अभियान चलाएगी।

अगर पहले चरण के बाद भी पूर्व अग्निवीर कोटे की सीटें खाली रह जाती हैं, तो उन्हें व्यर्थ नहीं छोड़ा जाएगा। दूसरे चरण में इन सीटों को सामान्य रिक्तियों के साथ जोड़ दिया जाएगा और मौजूदा भर्ती प्रावधानों के तहत खुली प्रतियोगी परीक्षा के जरिए भरा जाएगा।

आरक्षण और छूट के नियम

नए नियमों के अनुसार, सैनिकों की भर्ती में भले ही जातिगत आरक्षण लागू न हो, लेकिन SSB ने साफ किया है कि अनुसूचित जातियों (SC), अनुसूचित जातियों (ST) और अन्य पिछड़ा वर्गों (OBC) के लिए तय मौजूदा कोटा इन भर्तियों पर भी लागू रहेगा।

केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने 27 जुलाई 2026 को लोकसभा में एक लिखित जवाब में बताया था कि सरकार ने केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPF) और असम राइफल्स में कॉन्स्टेबल/राइफलमैन पदों पर 'पूर्व अग्निवीर' की नई श्रेणी बनाई है। इसके तहत उन्हें शारीरिक और लिखित परीक्षा से छूट देने का प्रावधान भी किया गया है।

अन्य बलों में स्थिति और पृष्ठभूमि

फिलहाल BSF और SSB ने ही पूर्व अग्निवीरों के लिए 50% आरक्षण की आधिकारिक अधिसूचना जारी की है। केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF), भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP), केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) और असम राइफल्स ने अभी अपनी नीतियों में यह बदलाव नहीं किया है। अग्निवीर योजना के पहले बैच की सेवा अवधि 2026 के अंत तक पूरी हो जाएगी।

2022 में शुरू की गई अग्निपथ योजना के विरोध के बाद, गृह मंत्रालय ने CAPF में पूर्व अग्निवीरों के लिए 10% आरक्षण देने का ऐलान किया था। बाद में इसे बढ़ाकर 50% कर दिया गया। साथ ही, पहले बैच के लिए उम्र सीमा में 5 साल और बाद के batches के लिए 3 साल की छूट का प्रावधान भी जोड़ा गया था।