रेलवे स्टेशन और ट्रेनों में यात्रियों की सुरक्षा, अनुशासन और सुचारू संचालन सुनिश्चित करने को लेकर केंद्र सरकार ने जन विश्वास अधिनियम 2026 के तहत रेलवे अधिनियम में कई महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं। नए प्रावधानों के मुताबिक अब रेलवे स्टेशन या ट्रेन में भीख मांगने, नशे की हालत में उपद्रव करने, रेलवे कर्मचारियों के कार्य में बाधा डालने, रेलवे संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, बिना टिकट यात्रा करने, फर्जी या ट्रांसफर टिकट का उपयोग करने तथा रेलवे परिसर में अवैध रूप से सामान बेचने जैसी गतिविधियों पर आर्थिक दंड लगाया जाएगा।
कई मामलों में लंबी न्यायिक प्रक्रिया के बजाय जुर्माना भरकर मामला निपटाने का प्रावधान भी किया गया है। इन नए नियमों की जानकारी आम लोगों तक पहुंचाने के लिए रेलवे सुरक्षा बल (RPF) दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, नागपुर मंडल द्वारा मध्य प्रदेश के सिवनी रेलवे स्टेशन सहित विभिन्न स्टेशनों पर व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के दौरान यात्रियों को पंपलेट वितरित किए जा रहे हैं, पोस्टर लगाए जा रहे हैं और नुक्कड़ नाटकों के माध्यम से नए कानूनों और उनके प्रावधानों की जानकारी दी जा रही है। रेलवे प्रशासन का कहना है कि इन संशोधनों का उद्देश्य रेल यात्रा को अधिक सुरक्षित, व्यवस्थित और पारदर्शी बनाना है रेलवे परिसरों में अनुशासन बनाए रखना, अव्यवस्था फैलाने वाले लोगों पर प्रभावी कार्रवाई करना और यात्रियों को कानूनों के प्रति जागरूक करना है। साथ ही यात्रियों से अपील की गई है कि वे हमेशा वैध टिकट के साथ यात्रा करें, रेलवे नियमों का पालन करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत रेलवे सुरक्षा बल या रेलवे हेल्पलाइन को दें, ताकि देश की रेल व्यवस्था को और अधिक सुरक्षित एवं जिम्मेदार हो सके.

