तिथि-नक्षत्र का समय पूरे देश में एक जैसा रहता है; सूर्योदय, राहुकाल और मुहूर्त शहर के अनुसार बदलते हैं।
| तिथि | कृष्ण प्रतिपदा 07:02 तक फिर कृष्ण द्वितीया सुबह 04:07 तक (28 अक्टूबर) फिर कृष्ण तृतीया रात 01:07 तक (29 अक्टूबर) |
|---|---|
| नक्षत्र | भरणी (स्वामी: शुक्र) 15:39 तक फिर कृत्तिका (स्वामी: सूर्य) दोपहर 13:26 तक (28 अक्टूबर) |
| योग | सिद्धि 10:53 तक फिर व्यतीपात सुबह 07:19 तक (28 अक्टूबर) |
| करण | कौलव 07:02 तक फिर तैतिल 17:36 तक फिर गर सुबह 04:07 तक (28 अक्टूबर) फिर वणिज दोपहर 14:37 तक (28 अक्टूबर) |
| वार | मंगलवार |
| चंद्र राशि | मेष 21:07 तक फिर वृषभ |
| सूर्य राशि | तुला |
| ऋतु / अयन | शरद / दक्षिणायन |
| दिशाशूल | उत्तर |
| ग्रह | राशि | अंश | नक्षत्र (चरण) | स्थिति | आगामी राशि-परिवर्तन |
|---|---|---|---|---|---|
| सूर्य | तुला | 9.4° | स्वाति (1) | नीच | — |
| चंद्रमा | मेष | 21.1° | भरणी (3) | — | → वृषभ, 27 अक्टूबर रात 21:07 |
| मंगल | कर्क | 21.9° | आश्लेषा (2) | नीच | — |
| बुध | तुला | 26.2° | विशाखा (2) | वक्री | — |
| गुरु | कर्क | 29.5° | आश्लेषा (4) | उच्च | — |
| शुक्र | तुला | 4.8° | चित्रा (4) | मूलत्रिकोणवक्री | — |
| शनि | मीन | 15.4° | उत्तराभाद्रपद (4) | वक्री | — |
| राहु | कुंभ | 2.1° | धनिष्ठा (3) | वक्री | — |
| केतु | सिंह | 2.1° | मघा (1) | वक्री | — |