नगर परिषद चुनाव को लेकर वार्ड संखख्या 43 के निवासियों ने मूलभूत सुविधाओं की समस्याओं का समाधान नहीं होने पर चुनाव बहिष्कार का निर्णय लिया है। वार्डवासियों ने जिलाधीश एवं नगर परिषद आयुक्त को ज्ञापन सौंपकर अपनी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने बताया कि पिछले करीब चार वर्षों से वार्ड में सडक़, पानी और बिजली सहित जनसामान्य से जुड़ी समस्याओं के समाधान के लिए लगातार नगर परिषद प्रशासन एवं निवर्तमान पार्षद को अवगत कराया जाता रहा है, लेकिन समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं हो सका। ज्ञापन में वार्डवासियों ने बताया कि उन्होंने समस्याओं को लेकर नगर परिषद के अधिकारियों को लिखित ज्ञापन देने के साथ ही व्यक्तिगत रूप से मिलकर भी कई बार स्थिति से अवगत कराया। इसके बावजूद उनकी मांगों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। वार्डवासियों का कहना है कि हर बार उन्हें समस्याओं के समाधान का आश्वासन ही मिला, लेकिन धरातल पर स्थिति आज भी जस की तस बनी हुई हैवार्डवासियों ने आरोप लगाया कि लंबे समय से मूलभूत सुविधाओं की कमी के चलते क्षेत्र के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सडक़, पानी और बिजली जैसी आवश्यक सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं के समाधान में लगातार हो रही देरी को लेकर लोगों में रोष बढ़ता जा रहा है। ज्ञापन में कहा गया कि समस्याओं के समाधान के लिए कई बार प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों का ध्यान आकर्षित करने के बावजूद कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इससे वार्ड के निवासियों में असंतोष व्याप्त है। इसी के चलते 40 फीट रोड, वीके पंचोली नगर, नानेश नगर, उम्ममेद सागर, श्रीनाथ कॉलोनी एवं सिद्धि विनायक कॉलोनी सहित वार्ड के विभिन्न क्षेत्रों के निवासियों ने आगामी नगर परिषद पार्षद चुनाव का बहिष्कार करने का निर्णय लिया है। वार्डवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि चुनाव से पूर्व उनकी समस्याओं का गंभीरता से संज्ञान लेकर सडक़, पानी और बिजली सहित अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उनका कहना है कि यदि वर्षों से लंबित समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो वे अपने निर्णय पर कायम रहते हुए चुनाव प्रक्रिया में भाग नहीं लेंगे। वार्डवासियों ने जिलाधीश एवं नगर परिषद आयुक्त से मामले में हस्तक्षेप कर समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की है। साथ ही स्पष्ट किया कि यह निर्णय क्षेत्र के लोगों की लंबे समय से चली आ रही समस्याओं और लगातार मिल रहे आश्वासनों के बावजूद कार्रवाई नहीं होने के कारण लिया गया है। ज्ञापन देने वालों में मोहनलाल जनागल, पुष्पा देवी, प्रदीप, ताराचंद, जतिन तालेपा, रमेश कुमार, श्यामसुंदर, प्रभूसिंह कच्छावा, दिलीप कुमार, सोहन लाल, सुनिता देवी, ताराचंद तथा अरविन्द कुमार आदि शामिल रहे।