देवली। नगर पालिका चुनाव 2026 को लेकर आज नामांकन दाखिल करने का अंतिम दिन है। सुबह से ही देवली उपखंड कार्यालय में दावेदारों और समर्थकों की भीड़ उमड़ रही है। नामांकन के अंतिम दिन टिकट की तस्वीर पूरी तरह साफ होने से पहले कई दावेदार शक्ति प्रदर्शन करते नजर आ रहे हैं।भाजपा से निवर्तमान पालिका अध्यक्ष नेमीचंद जेन ने व भाजपा प्रत्याशीयो ने  विधायक राजेंद्र गुर्जर के साथ किया अपना नामांकन.इस दौरान दर्जनों दावेदार अपने समर्थकों के साथ बैंड बाजा, मसक बैंड समेत अपने वार्डों से रवाना होकर रिटर्निंग अधिकारी कार्यालय पहुंचे। जहां आप अपना नामांकन प्रस्तुत किया। नगर पालिका चुनाव में फिलहाल सबसे दिलचस्प मुकाबला भाजपा और कांग्रेस के अंदर ही दिखाई दे रहा है। दोनों प्रमुख दलों की ओर से सभी वार्डों में अधिकृत प्रत्याशियों की तस्वीर अभी पूरी तरह साफ नहीं हुई है। ऐसे में पार्टी टिकट के दावेदारों की धड़कनें बढ़ी हुई हैं। सूत्रों के अनुसार कई दावेदारों को पार्टी की ओर से अंदरखाने हरी झंडी मिलने की चर्चा है, जबकि कुछ वार्डों में अंतिम फैसला अभी बाकी बताया जा रहा है। यही वजह है कि कई दावेदार पार्टी के आधिकारिक सिंबल का इंतजार करते हुए अपना नामांकन दाखिल कर रहे हैं।हालांकि चुनावी मुकाबला केवल भाजपा और कांग्रेस तक सीमित रहने के आसार नहीं हैं। कई वार्डों में निर्दलीय प्रत्याशियों के मैदान में उतरने की भी चर्चा है। ऐसे में कुछ वार्डों में मुकाबला त्रिकोणीय होने की संभावना है, जिसका सीधा असर भाजपा-कांग्रेस के चुनावी समीकरणों पर पड़ सकता है। सोमवार को स्थानीय विधायक राजेंद्र गुर्जर अग्रवाल धर्मशाला पहुंचे। कार्यकर्ताओं से मिले और उनका उत्साह बढ़ाया। उन्होंने दावा किया कि किसी तरह का मनमुटाव नहीं है। कार्यकर्ता आपस में एकजुट होकर भाजपा का बोर्ड बनेगा। जल्द ही पार्टी प्रत्याशियों की सूची भी जारी होगीलेकिन सबसे बड़ा सवाल उन दावेदारों को लेकर है, जिन्होंने पार्टी के भरोसे अपना नामांकन दाखिल कर दिया है। यदि पार्टी का टिकट किसी दूसरे चेहरे को मिलता है तो क्या ये दावेदार पार्टी के अधिकृत प्रत्याशी के समर्थन में बैठेंगे या फिर बगावत कर निर्दलीय मैदान में उतरेंगे। निकाय चुनाव में एक-एक वार्ड के समीकरण बेहद महत्वपूर्ण होते हैं। यहां पार्टी का टिकट जितना मायने रखता है, उतना ही स्थानीय पकड़, व्यक्तिगत जनाधार और कार्यकर्ताओं की नाराजगी भी चुनावी परिणाम को प्रभावित कर सकती है।आज दोपहर 3 बजे नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद चुनावी तस्वीर काफी हद तक साफ हो जाएगी। इसके बाद यह देखना दिलचस्प होगा कि भाजपा और कांग्रेस किन चेहरों पर भरोसा जताती हैं और किन दावेदारों को टिकट से निराशा हाथ लगती है। टिकट वितरण के बाद बगावत और निर्दलीय प्रत्याशियों की स्थिति चुनावी मुकाबले को और रोचक बना सकती है।फिलहाल नामांकन का अंतिम दिन है और निर्वाचन कार्यालय के बाहर उमड़ रही दावेदारों व समर्थकों की भीड़ यह संकेत दे रही है कि देवली नगर पालिका चुनाव में आने वाले दिनों में सियासी घमासान और तेज होने वाला है। अनुमान लगाया जा रहा है कि कांग्रेस और भाजपा दोनों ही अपने पार्टी प्रत्याशियों की सूची सीधे ही रिटर्निंग अधिकारी कार्यालय भेजेगी।