अजमेर में आज से शुरू होगी ई-बस सेवा, 5 रूट पर चलेंगी AC बसें; जानिए किराया और पूरी डिटेल
अजमेर में प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत मिली 5 एसी इलेक्ट्रिक बसों का संचालन आज से शुरू होगा। 26 सीटर इन बसों के लिए 5 रूट और किराया तय किया गया है। इन बसों के जरिए अजमेर को पुष्कर, नसीराबाद-टांटोटी, श्रीनगर, दौराई और किशनगढ़ सहित प्रमुख आवासीय, शैक्षणिक, चिकित्सा और व्यावसायिक क्षेत्रों से जोड़ा जाएगा। ई-बस सेवा शुरू होने से यात्रियों को सुविधाजनक, किफायती और पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन सुविधा मिलने की उम्मीद है।
आज शाम 4 बजे होगा शुभारंभ
डिपो मैनेजर महेंद्र सिंह राठौड़ के अनुसार, अजमेर नगर निगम के नए भवन परिसर से आज शाम 4 बजे विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ई-बस सेवा को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। इसके बाद बसें निर्धारित रूट पर यात्रियों के लिए उपलब्ध होंगी।
बुजुर्गों और दिव्यांगों के लिए व्हीलचेयर लिफ्ट
इन ई-बसों में बुजुर्गों और दिव्यांग यात्रियों की सुविधा का भी विशेष ध्यान रखा गया है। बसों में व्हीलचेयर लिफ्ट की सुविधा उपलब्ध होगी। इससे व्हीलचेयर का इस्तेमाल करने वाले यात्रियों को बस में चढ़ने और उतरने में आसानी होगी। एसी बस होने के कारण गर्मी के मौसम में यात्रियों को अधिक आरामदायक सफर भी मिलेगा।
5 रूट से जुड़ेगा अजमेर और आसपास का क्षेत्र
ई-बसों के लिए तय किए गए रूटों के जरिए पुष्कर, नसीराबाद-टांटोटी, श्रीनगर, दौराई और किशनगढ़ को कनेक्टिविटी दी जाएगी। इन रूटों के माध्यम से प्रमुख आवासीय क्षेत्रों के साथ शिक्षण संस्थानों, अस्पतालों, बाजारों और अन्य व्यावसायिक क्षेत्रों तक पहुंच आसान होगी। इससे रोजाना आने-जाने वाले यात्रियों को सार्वजनिक परिवहन का बेहतर विकल्प मिलेगा।
करीब 20 करोड़ से बनेगा ई-चार्जिंग स्टेशन
ई-बसों के सुचारु संचालन के लिए नोसर में करीब 20 करोड़ रुपये की लागत से ई-चार्जिंग स्टेशन तैयार किया जा रहा है। इसका निर्माण कार्य करीब एक महीने में पूरा होने की उम्मीद है। चार्जिंग स्टेशन तैयार होने के बाद बसों की चार्जिंग व्यवस्था को और बेहतर तरीके से संचालित किया जा सकेगा।
क्यों महत्वपूर्ण है ई-बस सेवा?
अजमेर में ई-बस सेवा शुरू होने से शहर और आसपास के प्रमुख क्षेत्रों के बीच सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क मजबूत होगा। इलेक्ट्रिक बसें पारंपरिक ईंधन से चलने वाली बसों की तुलना में पर्यावरण के लिए बेहतर विकल्प हैं। साथ ही, एसी बसों और व्हीलचेयर लिफ्ट जैसी सुविधाओं से यात्रियों को अधिक सुविधाजनक और समावेशी सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था मिलने की उम्मीद है।
