जयपुर जिले के रायसर थाना क्षेत्र में शुक्रवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। दौसा-मनोहरपुर नेशनल हाईवे-148 पर तेज रफ्तार स्विफ्ट कार अचानक टायर फटने के बाद अनियंत्रित होकर खाई में जा गिरी। इस भीषण दुर्घटना में कार सवार चार युवकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए।
हादसे के शिकार सभी छह युवक उत्तर प्रदेश के आगरा के रहने वाले थे और खाटूश्यामजी के दर्शन कर अपने घर लौट रहे थे।
निम्स हॉस्पिटल में इलाज जारी, एक घंटे तक लगा जाम
रायसर थाना क्षेत्र में यह हादसा सुबह करीब 6 बजे हुआ। सीओ रामकिशन विश्नोई के मुताबिक, दुर्घटना में जान गंवाने वाले युवकों की पहचान अतुल वार्ष्णेय (35, निवासी रामबाग, आगरा), मुकुल जायसवाल (21, निवासी कालनदी विहार), रूपेश जाटव (25) और शिवा सिंह (20) के रूप में हुई है।
वहीं, इस हादसे में आगरा के नुनिहाई निवासी राहुल शर्मा (36) और बलकेश्वर निवासी अर्पित बंसल (20) गंभीर रूप से घायल हुए हैं। दोनों को तुरंत नजदीकी निम्स हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। दुर्घटना के बाद नेशनल हाईवे पर यातायात बाधित हो गया और करीब एक घंटे तक लंबा जाम लगा रहा। पुलिस ने क्रेन की मदद से क्षतिग्रस्त कार को सड़क से हटवाकर ट्रैफिक सुचारू कराया।
राजस्थान में ओवरस्पीडिंग बनी बड़ी चुनौती
राज्य में सड़क हादसों और उनमें होने वाली मौतों का ग्राफ लगातार चिंता का विषय बना हुआ है। परिवहन और पुलिस विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, सड़क दुर्घटनाओं के मामले में राजस्थान देश भर में छठे स्थान पर है।
वर्ष 2025 के दौरान राज्य में कुल 23,820 सड़क हादसे दर्ज किए गए। इनमें से 15,647 दुर्घटनाएं अकेले तेज गति यानी ओवरस्पीडिंग की वजह से हुईं, जिनकी चपेट में आने से करीब 7,600 लोगों ने अपनी जान गंवाई। आंकड़ों से यह भी सामने आया है कि 2024 के मुकाबले 2025 में कुल सड़क हादसों की संख्या में 1,018 की कमी जरूर आई, लेकिन इसके बावजूद मौतों का आंकड़ा 307 बढ़ गया। राज्य में होने वाले कुल सड़क हादसों में लगभग 63 फीसदी दुर्घटनाओं की मुख्य वजह वाहनों की तेज रफ्तार है।
