सूरत के RTI कार्यकर्ता अमित तिवारी ने कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके के परिवार की आर्थिक स्थिति और संपत्ति की जांच की मांग की है। तिवारी ने महाराष्ट्र सरकार, चुनाव आयोग और केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड को शिकायत भेजकर जांच की मांग की है। उनका दावा है कि अभिजीत दीपके के पिता भगवानराव दीपके महाराष्ट्र इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कॉरपोरेशन में जूनियर इंजीनियर थे और उनकी मासिक आय करीब 60 से 65 हजार रुपये थी। तिवारी ने सवाल उठाया है कि इतनी आय में बच्चों की अमेरिका में उच्च शिक्षा का खर्च कैसे उठाया गया, इसकी जांच होनी चाहिए। उन्होंने महाराष्ट्र सरकार से आय और संपत्ति की जांच कराने की मांग की है। साथ ही चुनाव आयोग से कहा है कि यदि CJP राजनीतिक गतिविधियां चला रही है और चंदा जुटा रही है तो उसे जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 29A के तहत राजनीतिक दल के रूप में पंजीकरण कराना चाहिए। तिवारी ने CBIC से CJP के लीगल डिफेंस फंड में घोषित 1 करोड़ रुपये के योगदान पर जीएसटी लगाने की मांग भी की है। गौरतलब है कि NEET पेपर लीक आंदोलन के बाद CJP ने छात्रों की कानूनी सहायता के लिए लीगल डिफेंस फंड बनाया था, जिसमें वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने 1 करोड़ रुपये देने की घोषणा की थी। वहीं CJP का कहना है कि यह फंड उन छात्रों की मदद के लिए बनाया गया है, जिनके खिलाफ आंदोलन के दौरान मामले दर्ज हुए हैं।
अभिजीत दीपके के परिवार की संपत्ति जांच की मांग
संक्षेप में
सूरत के RTI कार्यकर्ता अमित तिवारी ने कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके के परिवार की आर्थिक स्थिति और संपत्ति की जांच की मांग की है। तिवारी ने महाराष्ट्र सरकार, चुनाव आयोग और केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड को शिकायत भेजकर जांच की मांग की है। उनका दावा है कि अभिजीत दीपके के पिता भगवानराव दीपके महाराष्ट्र इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कॉरपोरेशन में जूनियर इंजीनियर थे और उनकी मासिक आय करीब 60 से 65 हजार रुपये थी।
मुख्य बातें
- RTI कार्यकर्ता अमित तिवारी ने CJP संस्थापक अभिजीत दीपके के परिवार की आय और संपत्ति की जांच की मांग की है।
- तिवारी ने महाराष्ट्र सरकार, चुनाव आयोग (ECI) और CBIC को शिकायत भेजकर जांच की मांग की है।
- CJP ने NEET आंदोलन से जुड़े छात्रों की कानूनी मदद के लिए लीगल डिफेंस फंड बनाया था, जिसमें वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने 1 करोड़ रुपये देने की घोषणा की थी।
दिल्ली

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
अभिजीत दीपके के परिवार की जांच की मांग किसने की है?
सूरत के RTI कार्यकर्ता अमित तिवारी ने।
CJP ने लीगल डिफेंस फंड क्यों बनाया था?
NEET पेपर लीक आंदोलन के बाद मामलों का सामना कर रहे छात्रों को कानूनी सहायता देने के लिए।