डीडवाना में आज नगर निकाय चुनाव को लेकर मतदान जारी है, इसी बीच आज डीडवाना के वार्ड संख्या 11 के बूथ पर उस समय हंगामा हो गया, जब विधायक और पूर्व मंत्री यूनुस खान अपने परिवार के साथ वोट डालने पहुंचे थे। इसी दौरान कुछ लोग बूथ में घुस आए और विधायक यूनुस खान के साथ उलझ पड़े। मामला इतना अधिक बढ़ गया कि यूनुस खान और उनके समर्थकों के साथ बूथ में घुसे लोगों के बीच जमकर बहस ओर हंगामा हुआ। इस हंगामा के कारण लगभग आधे घंटे तक मतदान बाधित हुआ और पोलिंग पार्टी ने आधे घंटे तक मतदान बंद करवा दिया।
हंगामा इतना बढ़ा कि पुलिस और प्रशासन के रोकने के बावजूद दोनों पक्ष एक दूसरे से बार-बार भिड़ते रहे। इसके पश्चात अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हिमांशु शर्मा, वृत्ता अधिकारी उमेश गुप्ता, थाना अधिकारी मोहन सिंह खुद मौके पर पहुंचे और स्थिति को संभाला। साथ ही मौके पर भारी पुलिस जाब्ता बुलाकर तैनात किया गया। इस दौरान पुलिस ने सभी लोगों को बूथ से बाहर निकाल दिया, वहीं बूथ के 200 मीटर की दूरी तक मौजूद लोगों को भी वहां से हटा दिया।इस दौरान विधायक यूनुस खान ने खुद पर हमले का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि वे इस मतदान केंद्र के मतदाता है। इसीलिए वे अपनी पत्नी, बेटे, बेटी और अन्य परिजनों के साथ मतदान करने पहुंचे थे। लेकिन इसी दौरान कुछ अनाधिकृत व्यक्ति अंदर घुस आए और उनके आईडी कार्ड छीन लिए। साथ ही यूनुस खान के साथ धक्का मुक्की कर उन्हें मतदान करने से रोक दिया, जो कि लोकतांत्रिक व्यवस्था पर बड़ा सवालिया निशान है। उन्होंने पूर्व विधायक चेतन डूडी व भाजपा नेता जितेंद्र सिंह जोधा पर मिली भगत का आरोप लगाते हुए कहा कि डीडवाना में भाजपा और कांग्रेस एक हो गई है और दोनों मिलकर तीन बार के चुने हुए विधायक को भी मतदान नहीं करने दे रहे हैं। उन्होंने इसकी शिकायत एसपी से करते हुए बूथ में अनाधिकृत रूप से प्रवेश करने वाले लोगों को गिरफ्तार करने और उन्हें व उनके परिवार को पुलिस सुरक्षा में मतदान करवाने की मांग की है। इस मांग को लेकर यूनुस खान बूथ से कुछ दूरी पर अपने परिवार सहित धरने पर भी बैठ गए हैं। उनका कहना है कि जब तक एसपी खुद बूथ पर नहीं आएंगे और उनकी FIR दर्ज नहीं करेंगे, तब तक वह और उनका परिवार मतदान नहीं करेगा।