Saturday, 7 November 2026
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दीपावली 2026: इस साल 8 नवंबर को मनेगा दीप पर्व, जानिए लक्ष्मी पूजन का सबसे शुभ मुहूर्त और समय

संक्षेप में

वर्ष 2026 में दीपावली 8 नवंबर को मनाई जाएगी। इस दिन लक्ष्मी पूजन का मुख्य शुभ मुहूर्त शाम 5:54 से रात 7:50 बजे तक रहेगा, जिसमें स्थिर लग्न वृषभ काल भी शामिल है।

मुख्य बातें

  • दीपावली 8 नवंबर 2026 को मनाई जाएगी
  • अमावस्या तिथि 8 नवंबर को सुबह 11:27 बजे शुरू होगी
  • अमावस्या तिथि 9 नवंबर को दोपहर 12:31 बजे समाप्त होगी
  • मुख्य लक्ष्मी पूजन मुहूर्त शाम 5:54 से रात 7:50 बजे तक है
धर्म
दीपावली 2026: इस साल 8 नवंबर को मनेगा दीप पर्व, जानिए लक्ष्मी पूजन का सबसे शुभ मुहूर्त और समय

इस साल दीपावली का पर्व 8 नवंबर 2026 को मनाया जाएगा। कार्तिक मास की अमावस्या तिथि पर मनाए जाने वाले इस महापर्व को लेकर पंचांग गणना स्पष्ट हो गई है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान श्रीराम के 14 वर्ष के वनवास के बाद अयोध्या लौटने की खुशी में यह पर्व मनाने की परंपरा है। इस दिन माता लक्ष्मी, भगवान गणेश और कुबेर देवता की पूजा का विधान है।

द्रिक पंचांग के अनुसार, इस बार अमावस्या तिथि 8 नवंबर को सुबह 11 बजकर 27 मिनट से शुरू होकर 9 नवंबर को दोपहर 12 बजकर 31 मिनट तक रहेगी। पंचांग में प्रदोष काल और अमावस्या तिथि के एकसाथ मिलने के कारण 8 नवंबर की शाम ही गृहस्थों के लिए पूजन हेतु सबसे उपयुक्त मानी गई है।

लक्ष्मी पूजन का शुभ मुहूर्त और समय

पंचांग के मुताबिक, 8 नवंबर को शाम 5 बजकर 54 मिनट से लेकर रात 7 बजकर 50 मिनट तक लक्ष्मी पूजन का सबसे श्रेष्ठ मुहूर्त रहेगा। इस अवधि में वृषभ काल यानी स्थिर लग्न भी मौजूद रहेगा, जिसे धन-धान्य की देवी की आराधना के लिए बेहद फलदायी माना जाता है।

  • मुख्य लक्ष्मी पूजन मुहूर्त: शाम 05:54 से रात 07:50 तक
  • प्रदोष काल: शाम 05:31 से रात 08:09 तक
  • वृषभ लग्न: शाम 05:54 से रात 07:50 तक
  • निशिता काल (रात्रि पूजा): रात 11:39 से 12:31 तक
  • सिंह लग्न: रात 12:25 से सुबह 02:42 तक

गृहस्थ जीवन जीने वाले लोगों के लिए प्रदोष काल और स्थिर लग्न के इस संलयन में महालक्ष्मी की आराधना करना सबसे उत्तम फल देता है। वहीं, तांत्रिक साधना और देवी काली की पूजा करने वाले साधक निशिथ काल के मुहूर्त का चुनाव करते हैं।

पूजन के लिए आवश्यक सामग्री

दीपावली के अनुष्ठान को पूर्ण करने के लिए पूजा की थाली और वेदी पर कुछ खास चीजें रखनी अनिवार्य होती हैं। पूजन सामग्री में एक चौकी, उस पर बिछाने के लिए लाल या पीला वस्त्र, माता लक्ष्मी और गणेश की नई मूर्तियां, जल से भरा कलश, गंगाजल, आम के पत्ते, नारियल और कलावा शामिल होना चाहिए।

इसके अलावा देसी घी का मुख्य दीया, सरसों या तिल के तेल का एक अन्य दीपक, अक्षत, रोली, हल्दी, चंदन, अबीर, गुलाल, दूर्वा, ताजे फूल और माला की जरूरत होती है। भोग और अर्पण के लिए खीर, बताशे, मिठाइयां, खील, कमलगट्टा, मौसमी फल, सोने-चांदी के सिक्के और कौड़ियां भी पूजा स्थल पर रखी जाती हैं।

 

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

दिवाली 2026 किस तारीख को है?

दीपावली का पर्व इस साल 8 नवंबर 2026, रविवार को मनाया जाएगा।

2026 में लक्ष्मी पूजन का सबसे शुभ मुहूर्त क्या है?

लक्ष्मी पूजन का मुख्य शुभ मुहूर्त 8 नवंबर की शाम 5:54 बजे से रात 7:50 बजे तक रहेगा, जिसमें वृषभ लग्न भी शामिल है।

अमावस्या तिथि कब से कब तक रहेगी?

अमावस्या तिथि 8 नवंबर को सुबह 11:27 बजे से शुरू होकर 9 नवंबर को दोपहर 12:31 बजे तक रहेगी।

गृहस्थों के लिए कौन सा पूजन काल सबसे अच्छा माना जाता है?

गृहस्थों के लिए प्रदोष काल और स्थिर लग्न (वृषभ काल) का समय महालक्ष्मी पूजन के लिए सबसे श्रेष्ठ माना गया है।